बैसाखी 2026: पंजाब का नया साल

बैसाखी 2026 में 14 अप्रैल को है। यह पंजाबी नव वर्ष है। इसी दिन 1699 में गुरु गोबिंद सिंह जी ने खालसा पंथ की स्थापना की थी। पंजाब में यह फसल का उत्सव भी है। गुरुद्वारों में नगर कीर्तन और मेले होते हैं।

बैसाखी 2026 की तिथि

2026 बैसाखी: 14 अप्रैल 2026 (मेष संक्रांति)। हर साल: 13 या 14 अप्रैल। खालसा: 327वीं वर्षगांठ।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

बैसाखी 2026 कब है?

बैसाखी 2026: 14 अप्रैल 2026 (मंगलवार)। मेष संक्रांति।

बैसाखी पर क्या होता है?

बैसाखी उत्सव: गुरुद्वारा: नगर कीर्तन। भांगड़ा: पुरुष नृत्य। गिद्दा: महिला नृत्य। मेला: बड़ा मेला। लंगर: सामूहिक भोजन।

खालसा पंथ क्या है?

खालसा: 1699: गुरु गोबिंद सिंह। अमृतसर: खालसा स्थापना। 5 "क": केश, कड़ा, कृपाण, कंघा, कच्छा। सिख: खालसा।

अमृतसर में बैसाखी 2026?

अमृतसर बैसाखी: स्वर्ण मंदिर। नगर कीर्तन। लाखों श्रद्धालु। 14 अप्रैल 2026।

2026 बैसाखी का महत्व?

2026 बैसाखी: बृहस्पति: 14 अप्रैल को वृषभ में। बैसाखी: सौर नव वर्ष। रामनवमी: 8 अप्रैल के बाद।

बैसाखी और फसल?

फसल उत्सव: रबी: गेहूं की फसल। अप्रैल: कटाई। किसान: खुशी। भांगड़ा: खेतों में।

जलियांवाला बाग और बैसाखी?

जलियांवाला बाग: 1919 की बैसाखी। 13 अप्रैल 1919। ब्रिटिश: गोलीबारी। शहीद: याद। 2026: 14 अप्रैल।

बैसाखी पर क्या खाएं?

बैसाखी भोजन: मक्की दी रोटी। सरसों दा साग। खीर। पिन्नी। लस्सी। पंजाबी भोजन।

बैसाखी और अन्य समुदाय?

बैसाखी: बंगाल: पोहेला बैसाख (नव वर्ष)। असम: बिहू। केरल: विशु। तमिलनाडु: पुथांडु। सौर नव वर्ष।