भाई दूज 2026: भाई-बहन का प्रेम उत्सव

भाई दूज 2026 में 22 अक्टूबर को है। यह कार्तिक शुक्ल द्वितीया है। इसे यम द्वितीया भी कहते हैं। इस दिन बहन भाई के माथे पर तिलक करती है और भाई की दीर्घायु की कामना करती है। यमुना ने यमराज को इसी दिन तिलक किया था।

भाई दूज 2026 की तिथि

2026 भाई दूज: 22 अक्टूबर 2026 (कार्तिक शुक्ल द्वितीया)। दिवाली: 20 अक्टूबर। गोवर्धन: 21 अक्टूबर।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

भाई दूज 2026 कब है?

भाई दूज 2026: 22 अक्टूबर 2026 (गुरुवार)। यम द्वितीया।

भाई दूज पूजा विधि?

पूजा विधि: तिलक: रोली, अक्षत, फूल। आरती: थाल। मिठाई। भाई: उपहार। बहन: आशीर्वाद।

यमुना और यम की कथा?

कथा: यमुना: यमराज की बहन। इसी दिन: यमराज को घर बुलाया। तिलक किया। वरदान: इस दिन तिलक करने वाले भाइयों को यम भय नहीं।

भाई दूज पर क्या दें?

भाई दूज उपहार: भाई को: मिठाई, वस्त्र, धन, जेवर। बहन को: भाई से भेंट।

2026 भाई दूज का महत्व?

2026 भाई दूज: 22 अक्टूबर। दिवाली सप्ताह। बृहस्पति कर्क (उच्च)।

भाई दूज और राखी में अंतर?

भाई दूज बनाम राखी: राखी: बहन-भाई, रक्षासूत्र, श्रावण। भाई दूज: तिलक, कार्तिक। दोनों: भाई-बहन। राखी: बहन भाई की रक्षा मांगती। भाई दूज: भाई को तिलक।

भाई दूज पर तिलक सामग्री?

तिलक सामग्री: रोली। अक्षत (चावल)। फूल। दीपक। मिठाई। आरती की थाल।

भाई दूज पर कहां पूजा करें?

पूजा: घर में। यमुना नदी के किनारे: पारंपरिक। मथुरा-वृंदावन: भव्य। 2026: 22 अक्टूबर।

भाई दूज पर भाई क्या करे?

भाई का कर्तव्य: बहन के घर जाएं। तिलक: लगवाएं। भेंट: दें। बहन की: देखभाल का वचन।