विवाह तिथि 2026: पूरे साल के शुभ विवाह मुहूर्त
2026 में विवाह के लिए उत्तम वर्ष है क्योंकि बृहस्पति मई 2026 से कर्क में उच्च होंगे। विवाह मुहूर्त के लिए बृहस्पति और शुक्र का बलवान और सीधा (वक्री नहीं) होना जरूरी है। 2026 में शुक्र 10 जुलाई से 6 सितंबर तक वक्री है और चातुर्मास 17 जुलाई से 22 नवंबर तक है।
जनवरी-जून 2026 विवाह मुहूर्त
जनवरी 2026: 14 (मकर संक्रांति के बाद), 15, 16, 17, 20, 21, 22, 23, 24, 27, 28, 30 जनवरी। फरवरी 2026: 1, 2 (वसंत पंचमी), 3, 4, 5, 6, 7, 10, 11, 12, 14, 15, 16, 17 फरवरी। मार्च 2026: उगादि (30 मार्च) से पहले: 1-8 मार्च। अप्रैल 2026: 6, 7, 14, 21 (बसंत पंचमी), 22 (अक्षय तृतीया - अबूझ मुहूर्त), 23, 27, 29 अप्रैल। मई 2026: 3, 4, 7, 8, 11, 12, 14, 17, 18, 20, 21 मई। जून 2026: 1, 2, 4, 5, 8, 11, 14 जून।
जुलाई-दिसंबर 2026 विवाह
जुलाई-अक्टूबर 2026 (सीमित मुहूर्त): 1-15 जुलाई: कुछ मुहूर्त। 17 जुलाई से: चातुर्मास (विवाह वर्जित)। 10 जुलाई से: शुक्र वक्री। 6 सितंबर: शुक्र सीधा। 22 नवंबर: चातुर्मास समाप्त। नवंबर 2026: 23, 24, 27, 28, 29, 30 नवंबर। दिसंबर 2026: 1, 2, 3, 4, 7, 8, 9, 10, 14, 15 दिसंबर।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
2026 में सबसे ज्यादा विवाह मुहूर्त कब हैं?
2026 में विवाह मुहूर्त की बहुतायत: जनवरी 15 से मार्च 15: 25+ दिन। अप्रैल: 10+ दिन (अक्षय तृतीया समेत)। मई (बृहस्पति उच्च): 15+ दिन। नवंबर 22 के बाद: 10+ दिन। दिसंबर: 15+ दिन। सबसे कम: जुलाई 17 से नवंबर 22 (चातुर्मास)।
2026 में कौन से महीने में विवाह बिल्कुल नहीं?
2026 में विवाह वर्जित काल: चातुर्मास: 17 जुलाई से 22 नवंबर 2026 (4 माह)। शुक्र वक्री: 10 जुलाई से 6 सितंबर। होलाष्टक: होली से 8 दिन पहले (फाल्गुन कृष्ण अष्टमी से पूर्णिमा तक)। परिणाम: जुलाई-नवंबर में बहुत कम शादियां। 2026 में: जुलाई की शुरुआत में जो बचे मुहूर्त उनका उपयोग करें।
अक्षय तृतीया 2026 पर शादी क्यों सबसे ज्यादा होती हैं?
अक्षय तृतीया विवाह: 22 अप्रैल 2026 (बुधवार)। अबूझ मुहूर्त: इस दिन कोई पंचांग नहीं देखना। पूरा दिन शुभ: सुबह से शाम तक। 2026 में: बृहस्पति उच्च की शुरुआत के करीब। परिणाम: इस दिन लाखों शादियां पूरे भारत में।
शादी के लिए जनवरी 2026 के कौन से दिन शुभ हैं?
जनवरी 2026 विवाह मुहूर्त: 15-17 जनवरी: मकर संक्रांति के बाद शुभ काल शुरू। 18-27 जनवरी: रोहिणी, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त नक्षत्र खोजें। 22 जनवरी: वसंत पंचमी नहीं (फरवरी में), लेकिन शुभ दिन। 28-31 जनवरी: अच्छे दिन। पंचांग: जनवरी 2026 पंचांग से सटीक तिथि जानें।
शादी का मुहूर्त कैसे निकालते हैं?
विवाह मुहूर्त निकालने की विधि: पाँच बातें देखें: (1) तिथि शुभ हो (2, 3, 5, 7, 10, 11, 12, 13)। (2) नक्षत्र शुभ हो (रोहिणी, उत्तरा फा., हस्त, अनुराधा, श्रवण)। (3) वार शुभ हो (सोम, बुध, गुरु, शुक्र)। (4) बृहस्पति और शुक्र बलवान हों। (5) लग्न शुभ हो। सभी मिलाकर = उत्तम मुहूर्त।
नवंबर 2026 में देव उठनी के बाद शादी?
नवंबर 2026 विवाह: देव उठनी एकादशी: 22 नवंबर 2026। 23 नवंबर से: शुभ कार्य शुरू। नवंबर 2026 के शुभ दिन: 23, 24, 25, 27, 28, 29, 30 नवंबर। नक्षत्र: रोहिणी, हस्त, उत्तरा फाल्गुनी, श्रवण खोजें। देव उठनी के बाद विवाह: बृहस्पति उच्च का आशीर्वाद।
दिसंबर 2026 में शादी के मुहूर्त?
दिसंबर 2026 विवाह मुहूर्त: मार्गशीर्ष माह: दिसंबर 2026 में विष्णु का प्रिय माह। उत्तम: 1-15 दिसंबर 2026। नक्षत्र: रोहिणी (3-4 दिसंबर), उत्तरा फाल्गुनी (10-11), हस्त (12-13)। बृहस्पति उच्च: कर्क में। 2026 दिसंबर: विवाह के लिए सर्वोत्तम महीनों में से एक।
2026 में मांगलिक-मांगलिक विवाह के लिए मुहूर्त?
मांगलिक विवाह 2026: मांगलिक दोष: यदि दोनों मांगलिक हों तो दोष निष्क्रिय। अतिरिक्त: मंगल शांति पूजा भी करें। कोई विशेष मुहूर्त नहीं: मांगलिक-मांगलिक को सामान्य मुहूर्त उपयुक्त। सावधानी: शनि और मंगल की स्थिति देखें। ज्योतिषी: कुंडली मिलाप अवश्य करें।
2026 में विवाह के लिए कितने मुहूर्त हैं?
2026 में कुल विवाह मुहूर्त: जनवरी-जून: लगभग 60-70 शुभ दिन। जुलाई (1-17): 10-12 दिन। नवंबर-दिसंबर: 25-30 दिन। कुल अनुमानित: 95-115 शुभ विवाह दिन (पंचांग से भिन्न हो सकते हैं)। तुलना: सामान्य वर्ष में 80-100 मुहूर्त। 2026: बृहस्पति उच्च के कारण थोड़े अधिक।